Saturday, October 3, 2009

मौला रूखसाना सी बिटिया ही दीजौ


जम्मू से 180 किलोमीटर दूर एक गांव की बेटी रूखसाना है जुर्म को मजहब मान बैठे पाकिस्तान में प्रशिक्षित आतंकवादियों को उन्हीं की क्लाशिनकोव की गोलियां से ढेर कर पूरे देश का सर गर्व से उंचा कर दिया है। इस घटना से हरियाणा, राजस्थान, पश्चिमी उत्तरप्रदेश के उन लोगों की आंखें खुल जाना चाहिए जो बेटियों को जन्मते ही मार डालने में यकीन रखते हैं और बेटों की चाहत रखते हैं। उनकी आंखें खुल जाना चाहिए जो परवरिश से लेकर शिक्षा दीक्षा तक में बेटों को बेटियों से ज्यादा तरजीह देते हैं। जो पूजा तो दुर्गा की करते हैं लेकिन देवी से कामना पुत्र जन्म की करते हैं, जो बेटी के जन्म पर शोकाकुल तक हो उठते हैं। यहां तक की अपनी बेटी के यहां बेटी पैदा होने पर मातमी मुद्रा में आ जाते हैं। अपने माता पिता को आतंकवादियों के हाथों पिटता देख रणचंडी बनी रूखसाना ने शौर्य का प्रतिमान स्थापित किया है, वह देश की सभी बेटियों के लिए मिसाल बन गया है। जिन हाथों ने कभी घरेलू कामकाज में इस्तेमाल होने वाले छिटपुट हथियारों के सिवाय कभी कोई हथियार न उठाया हो, जिसने कभी एके 47 या कोई और शस्त्र सुना देखा न हो, उस लडकी में इतनी ताकत आखिर कहां से आ गई कि उसने प्रशिक्षित आतंकवादियों को उन्हीं की बंदूक छीनकर ढेर कर दिया? निसंदेह यह अपने माता पिता से असीम प्रेम की ताकत थी जो क्लाशिनोव की ताकत को कुल्हाडी से पछाडने की ताकत बन गई। जम्मू कश्मीर सरकार और केंद्र सरकार को चाहिए कि वह न केवल आतंकवाद के खिलाफ बल्कि बेटियों को लेकर देश के कुछ हिस्सों और समाजों में कमतरी की भावना को खत्म करने के लिए रूखसाना को ब्रांड एंबेसेडर बनाएं। रूखसाना की हिम्मत, माता पिता से प्रेम की खातिर आतंकवादियों से जूझना और जीतना, एक अर्थ में श्रवण कुमार की मात-पिता भक्ति के दर्जे से भी उंची हो गई है। रूखसाना को मेरा सलाम, शाबाश बहन हमें तुम पर नाज है।

2 comments:

lalit sharma said...

ब्लॉग जगत में आपका स्वागत हैं, लेखन कार्य के लिए बधाई
यहाँ भी आयें आपके कदमो की आहट इंतजार हैं,
http://lalitdotcom.blogspot.com
http://lalitvani.blogspot.com
http://shilpkarkemukhse.blogspot.com
http://ekloharki.blogspot.com
http://adahakegoth.blogspot.com
http://www.gurturgoth.com
http://arambh.blogspot.com
http://alpanakegreeting.blogspot.com

Amit K Sagar said...

चिट्ठा जगत में आपका हार्दिक स्वागत है. आप बहुत अच्छा लिख रहे हैं, और भी अच्छा लिखें, लेखन के द्वारा बहुत कुछ सार्थक करें, मेरी शुभकामनाएं.
---

---
हिंदी ब्लोग्स में पहली बार Friends With Benefits - रिश्तों की एक नई तान (FWB) [बहस] [उल्टा तीर]

Post a Comment

आपके कंप्यूटर की IP और अप कहा बैठे है